गांव तखाणा में पशुबाड़ा बनी कश्यप समाज की चौपाल

सत्यखबर तरावड़ी (रोहित लामसर) – कस्बे का गांव तखाणा समस्याओं से जूझ रहा है। एक तरफ जहां जगह-जगह पर गंदगी के ढेरों के कारण लोगों का जीना मुहाल है। वहीं गांव की गलियों की निकासी व्यवस्था सही न होने के कारण नालियों का पानी सडक़ों पर जमा रहता है। जिससे लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ता है। गांव तखाणा में लोगों ने सरंपच पर विकास कार्यों में भेदभाव करने के आरोप तक लगाए। गांववासियों का कहना है कि गांव में लोग मूलभूत सुविधाओं से वंचित हैं।

विकास कार्यो में धांधली बरती जा रही है। गांववासी ने बताया कि गांव में कश्यप समाज की चौपाल कई वर्षों से पशुबाड़ा बनकर रह गई है। चुनावों से पहले सरंपच ने वायदा किया था कि आने वाले समय में चौपाल का नवीनीकरण करवाया जाऐगा, लेकिन अब चार साल का कार्यकाल बीत जाने के बाद भी कश्यप समाज की चौपाल की हालत जर्जर अवस्था में है। गांववासियों ने बताया कि कश्यप चौपाल में पशु बंधे रहते है। उसकी चारदीवारी नही है। जिससें सारा दिन पशु मुंह मारते हैं।

गदंगी के ढेर लगे हुए हैं, जिससे आने-जाने वाले लोगों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ता है। गांववासियों का यह भी कहना था कि गांव में एक तरफ जहां सडकें भी उबड़-खाबड़ हैं, वहीं स्ट्रीट लार्ईटें भी खराब पड़ी हैं। सरपंच पर आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि चार साल के कार्यकाल में सरपंच द्वारा विकास कार्य सही तरह से नही करवाए गए। गांव तखाणा आज भी विकास से वंचित हैं।

गंदगी के कारण गांव की सुंदरता पर ग्रहण लगा हुआ है। सरपंच गांव के विकास में दिलचस्पी नही ले रहे हैं। गांववासियों ने कहा कि गांव में सुविधाएं दिलाने के साथ-साथ समान रूप से विकास करवाया जाए और कश्यप समाज की चौपाल, जो दुदर्शा का शिकार हो रही है। जल्दी ही उसका नवीनीकरण करवाया जाए।

error: Copy... Paste is not allowed...